Quote Of The Day: मनुष्य को हंसों की तरह स्वार्थी नहीं होना चाहिए, आचार्य चाणक्य ने ऐसा क्यों कहा? पढ़ें आज के विचार
नई दिल्ली, मई 27 -- Aaj Ka Suvichar: आचार्य चाणक्य की बातें आज भी जीवन में बेहद उपयोगी मानी जाती हैं। उन्हें अपने समय का महान विद्वान, कूटनीतिज्ञ और बुद्धिमान व्यक्ति माना जाता है। उन्होंने रिश्तों, व्यवहार, सफलता और जीवन की समझ से जुड़ी कई महत्वपूर्ण बातें सरल और व्यावहारिक तरीके से बताई हैं। माना जाता है कि जो व्यक्ति उनकी नीतियों को अपने जीवन में अपनाता है, उसके लिए सही निर्णय लेना और सफलता की राह पर आगे बढ़ना आसान हो जाता है। नीचे दिए गए कुछ श्लोक जीवन में सही दिशा दिखाने और परेशानियों से बचने की सीख देते हैं। यह भी पढ़ें- इंसान को जन्म से ही मिलते हैं ये 4 गुण, पढ़ें आचार्य चाणक्य के विचारश्लोक 1 यत्रोदकस्तत्र वसन्ति हंसाः तथव शुष्कं परिवर्जयन्ति।न हंतुल्येन नरेण भाव्यं पुनस्त्यजन्तः पुनराश्रयन्तः॥ इस श्लोक में आचार्य चाणक्य कहते हैं...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.