नई दिल्ली, मई 16 -- Aaj Ka Suvichar: आचार्य चाणक्य की शिक्षाएं आज भी उतनी ही महत्वपूर्ण मानी जाती हैं। उन्होंने रिश्तों, व्यवहार और सफलता के सिद्धांतों को बहुत ही सरल और व्यावहारिक तरीके से समझाया है। माना जाता है कि जो व्यक्ति इन बातों को अपने जीवन में अपनाता है, उसके लिए आगे बढ़ना और सफलता पाना आसान हो जाता है। नीचे कुछ ऐसे श्लोक दिए गए हैं, जो जीवन में सही दिशा दिखाने और समस्याओं से बचने में मदद करते हैं।श्लोक 1 न वेत्ति तो यस्य गुण प्रकर्ष, सतं सदा निन्दति नाऽत्र चित्रम्।यथा किराती करिकुम्भलब्धां, मुक्तां परित्यज्य बिभर्ति गुञ्जाम्।। अर्थ- आचार्य चाणक्य के मुताबिक जो व्यक्ति दूसरों के गुणों और श्रेष्ठता को पहचान नहीं पाता, वह हमेशा अच्छे लोगों की निंदा करता है, इसमें कोई आश्चर्य नहीं है। जैसे कोई अनपढ़ या अज्ञान व्यक्ति हाथी के मस्तक ...