Quote of the Day: चाणक्य नीति अनुसार सफलता पाने के लिए गधे से सीखें ये 3 बातें
नई दिल्ली, जून 20 -- सफलता किसी जादू की छड़ी से नहीं मिलती, बल्कि छोटी-छोटी अच्छी आदतों और सही सोच से मिलती है। आज 20 जून 2026 के सुबह का सुविचार हमें याग हमें याद दिलाता है कि प्रकृति के हर जीव से कुछ न कुछ सीखा जा सकता है, चाहे वह गधा ही क्यों ना हो। आचार्य चाणक्य राजनीति के महान विद्वान, अर्थशास्त्र के रचयिता और चंद्रगुप्त मौर्य के गुरु थे। उनकी नीति आज भी उतनी ही प्रासंगिक है। चाणक्य नीति में उन्होंने सफलता पाने के लिए गधे से 3 महत्वपूर्ण गुण सीखने की बात कही है।चाणक्य नीति का श्लोक है:सुश्रान्तोऽपि वहेद् भारं शीतोष्णं न पश्यति।सन्तुष्टश्चरतो नित्यं त्रीणि शिक्षेच्च गर्दभात्॥ इसका अर्थ है - थक जाने पर भी बोझ ढोना, गर्मी-सर्दी की परवाह नहीं करना और संतुष्ट रहना, ये तीन बातें गधे से सीखनी चाहिए।1. आलस्य से दूरी चाणक्य कहते हैं कि गधा थक...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.