प्रयागराज, अक्टूबर 11 -- Prayagraj News: रामलीला मैदान अतरसुइया में रामलीला का शुभारंभ विष्णु लोक दृश्य से होता है। देवता, क्षीरसागर में बैठे भगवान विष्णु से गुहार लगाते हैं कि हे सच्चिदानंद रावण के आतंक से पृथ्वी पर संकट आ गया है। रावण तीनों लोकों को रौंदने पर आतुर है। करुणानिधान हमारी रक्षा करिए, तब भगवान शिव आते हैं कहते हैं कि सच्चिदानंद यही समय है जब ईश्वर का अवतार होता है। तब भगवान विष्णु सभी से कहते हैं.. हे देवों मैं सामान्य मानव के रूप में राजा दशरथ के यहां अवतार लूंगा। उसके बाद धरती पर हमेशा सत्यमेव जयते की ही गूंज सुनाई देगी। दृश्य बदलता है... महर्षि वशिष्ठ राजा दशरथ से कहते हैं कि सूर्य उत्तरायण में प्रवेश कर रहे हैं। यह बहुत शुभ दिन है, तब चिंतित मुद्रा में राजा प्रश्न करते हैं हे गुरुदेव क्या सूर्यवंश का सूर्य दशरथ के साथ अस...