प्रयागराज, जुलाई 9 -- Prayagraj News: प्रयागराज, ईश्वर शरण शुक्ल। इस वर्ष मई-जून में गम, गुस्सा व भीषण गर्मी इतनी घातक साबित हुई कि रोज लगभग 16 लोगों की मौत हुई। इसमें सबसे ज्यादा मौत सड़क दुर्घटना और आत्महत्या से हुई। आत्महत्या की बात करें तो इस वर्ष मई, जून में 106 लोगों ने जहर खाकर और फांसी लगाकर जान दी। भीषण गर्मी के इन दो महीने में प्रतिदिन औसतन दो लोगों ने आत्महत्या की जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में 83 लोगों ने आत्महत्या की थी।

गर्मी और मानसिक स्वास्थ्य कॉल्विन अस्पताल के मनोवैज्ञानिक डॉ. पंकज कोटार्य के अनुसार दिन व रात की अत्यधिक गर्मी शरीर को ही नहीं, बल्कि मन को अधिक प्रभावित करती है। शरीर जब अधिक तापमान के संपर्क में आता है, तब पसीने के माध्यम से रक्तवाहिकाओं को चौड़ा करके खुद को ठंडा करने की कोशिश करता है। यह मस्तिष्क के रसायनो...