पलामू, सितम्बर 20 -- Palamu News: मेदिनीनगर, संवाददाता। जैन समाज के 10 दिवसीय दशलक्षण पर्व के पांचवें दिन रविवार को उत्तम सत्य धर्म मनाया गया। इस अवसर पर जैन मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना, अभिषेक एवं शांतिधारा हुई। राजस्थान के सांगानेर स्थित श्रमण संस्कृति संस्थान से आए विद्वान पंडित आदिश जैन शास्त्री के सानिध्य में श्रद्धालुओं ने धार्मिक अनुष्ठान में भाग लिया। दशलक्षण पर्व के पांचवें दिन उत्तम सत्य धर्म मनाने की परंपरा है। प्रवचन में पंडित आदिश जैन शास्त्री ने कहा कि सत्य मनुष्य को अंधकार से प्रकाश की ओर ले जाने वाला तेजस्वी सूर्य है। उत्तम सत्य धर्म का अर्थ परम सत्य को अपनाकर उसके अनुसार जीवन में आचरण करना है। व्यक्ति को हमेशा सत्य बोलना चाहिए तथा जो देखा, सुना या जाना हो, उसे उसी रूप में कहना चाहिए। केवल सत्य बोलना ही पर्याप्त नह...