उरई, जुलाई 31 -- Orai News: कालपी। संवाददाता यमुना व बेतवा नदियों में संभावित बाढ़ और लगातार हो रही वर्षा को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और राजस्व विभाग पूरी तरह सतर्क हो गया है। एसडीएम विनय कुमार मौर्य ने बताया कि तटवर्ती क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों को 24 घंटे अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं।कालपी तहसील में बीते कई वर्षों से यमुना का जलस्तर बढ़ने पर लगभग दो दर्जन गांव और नगर के छह मोहल्ले बाढ़ की चपेट में आ जाते हैं। कालपी में यमुना नदी का खतरे का निशान 108 मीटर निर्धारित है। यह भी पढ़ें- गंगा के जलस्तर बढ़ने से खादर में हलचल वर्ष 2025 में 2 अगस्त को आई बाढ़ के दौरान जलस्तर करीब 113 मीटर तक पहुंच गया था, जिससे कई गांवों के साथ नगर के आधा दर्जन मोहल्ले ज...