नई दिल्ली, अप्रैल 7 -- NEET UG MBBS Admission : किसी मेडिकल कॉलेज में फर्जीवाड़ा पकड़े जाने से खाली हुई एमबीबीएस सीट किसे मिलेगी, इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसला सुनाया है। शीर्ष अदालत ने कहा है कि अगर धोखाधड़ी के कारण कोई सीट खाली होती है, तो संबंधित अधिकारियों का यह फर्ज है कि वे उस सीट को मेरिट के आधार पर अगले पात्र उम्मीदवार को आवंटित करें। यह टिप्पणी करते हुए अदालत ने एक नीट यूजी उम्मीदवार के दाखिले को वैध ठहराया है। यह सीट तब खाली हुई थी जब यह पाया गया कि मूल रूप से चयनित उम्मीदवार ने फर्जी मार्कशीट दिखाकर दाखिला लिया था। यह आदेश जस्टिस जे.के. माहेश्वरी की अध्यक्षता वाली पीठ द्वारा दिया गया। लाइव लॉ की रिपोर्ट के मुताबिक जस्टिस जे. के. माहेश्वरी और जस्टिस अतुल एस. चांदुरकर की बेंच ने एनएमसी यानी नेशनल मेडिकल काउंसिल की उस...