नवादा, जून 27 -- Nawada News जिला मुख्यालय समेत विभिन्न शहरी निकायों में अनियोजित तरीके से बसी झुग्गियां और वहां पसरी भीषण गंदगी ने शहरों को नारकीय बना दिया है। इन झुग्गी-बस्तियों के हालात इस कदर बदतर हो चुके हैं कि वहां से आम लोगों का गुजरना तक दूभर हो गया है। हालत यह है कि शहर से लेकर गांव तक चमकाने वाले गंदगी में रहने को मजबूर होते हैं। झुग्गी-झोपड़ियों के बड़े-बुजुर्गों से लेकर मासूम बच्चे बुनियादी सुविधाओं के अभाव में तक सड़क के किनारे लेटे रहते हैं। कचरे के अंबार और सड़ांध के बीच पनप रही ये बस्तियां न सिर्फ बीमारियों का केंद्र बन रही हैं, बल्कि कई इलाकों में ये मलिन बस्तियां असामाजिक और अवैध गतिविधियों का अड्डा भी बनती जा रही हैं, जिससे स्थानीय सुरक्षा और शांति पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। नवादा शहर के पम्पूकल चौक के समीप की झु...