मुजफ्फरपुर, अगस्त 5 -- Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। निराला निकेतन में आचार्य जानकी बल्लभ शास्त्री के प्रतिमा स्थल पर बुधवार को महावाणी स्मरण सह काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें शहर के वरिष्ठ कवि, कवयित्री एवं साहित्यकार शामिल हुए।अंजनी कुमार पाठक ने आचार्यश्री के गीतों को गाकर काव्य गोष्ठी की शुरुआत की। उमेश राज ने-न शिकवा है तुमसे न कोई गिला, मैं हूं गमजदा मुझसे न आंख मिला...पढ़कर खूब तालियां बटोरीं। दीनबंधु आजाद ने-ना मुस्कुराओ तुम बहुत याद आओगी, मैं खुद तड़पा हूं और तड़पा के क्या पाओगी सुनाया। अरुण कुमार तुलसी ने सकल जगत के उजियारे हो-तुम प्राणों से भी प्यारे हो, पढ़कर माहौल को भक्तिमय बना दिया। अंजनी कुमार पाठक ने रिमझिम-रिमझिम मेघा बरसे पढ़ा। डॉ. जगदीश शर्मा ने सांप के काटे का जहर उतर जाता है-मित्र का काटा जहर...