मुजफ्फर नगर, सितम्बर 5 -- Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर। ग्राम रामपुर स्थित शिव मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दौरान कथा व्यास पूज्य गंगोत्री तिवारी मृदुल महाराज ने कहा कि गाय के रोम-रोम में तैंतीस कोटि देवताओं का वास होता है और गोसेवा से गोपाल शीघ्र प्रसन्न होते हैं। उन्होंने दुर्भाग्यपूर्ण बताया कि आज लोगों को पीने के लिए शुद्ध दूध तो चाहिए, लेकिन गाय पालने के लिए किसी के पास समय नहीं है। पूतना प्रसंग का जिक्र करते हुए महाराज जी ने कहा कि भगवान कृष्ण ने कपटी पूतना को देखकर अपने नेत्र बंद कर लिए थे, जो हमें यह शिक्षा देता है कि ईश्वर को कपटी लोग पसंद नहीं हैं और उनकी सेवा निष्कपट भाव से करनी चाहिए। कथा व्यास ने आगे कहा कि यदि मन में छल भरा हो, तो शिव जी पर कितना भी जल चढ़ा लें, समस्याओं का हल नहीं मिल सकता। मनुष्य को अपने कर्मों के...