मुरादाबाद, सितम्बर 7 -- Moradabad News: महिला आर्य समाज वेद कथा का आरंभ वेद यज्ञ- हवन से किया गया। भजनोपदेशक अजय ने भजनो की प्रस्तुति की। वैदिक आचार्य वीरेंद्र शास्त्री ने चारों वेदों पर संक्षिप्त प्रकाश डालते हुए कहा ऋग्वेद ज्ञान प्रधान है। यजुर्वेद कर्म, सामवेद प्रार्थना-उपासना तथा अथर्ववेद विज्ञान प्रधान है। उन्होंने बताया मनुष्य के जीवन को सफल बनाने कोष यही वेद हैं। श्रावणी पर्व के बाद सुखी जीवन जीने की कला सीखने के लिए चार मास, वेद कथा की जाती है। प्रीता आर्य एवं शशी शोधन सहित शशी शर्मा, आशा जैमिनी, उषा गुप्ता, भावना, पूनम कत्याल, मीरा क्रोमियम आदि आर्य समाज के लोग मौजूद रहे।

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