नई दिल्ली, जून 23 -- आषाढ़ मास दान और जप के लिए बहुत खास माना जाता है। इसमें भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। इसके साथ ही शिवजी की पूजा का भी विधान है। इस महीने में सात्विक भोजन करना चाहिए। इसके अलावा अन्न का दान और धन का दान करना उत्तम है। इस महीने देवशयनी एकादशी आती है जिस दिन से देव सो जाते हैं। इसके बाद देव चार महीने बाद जागेंगे। तब तक चतुर्मास रहेगा। जप-तप और ध्यान के लिए चतुर्मास बहुत शुभ है। आषाढ़ मास में गुप्त नवरात्रि भी हैं, जो देवियों की गुप्त साधना के लिए बहुत खास माने जाते हैं। यहां आप इस वीक के प्रमुख व्रत और त्योहार की तारीख जान सकते हैं।आषाढ़ माह की एकादशी आषाढ़ माह में योगिनी एकादशी और देवशयनी एकादशी दो एकादशी आती हैं। योगिनी एकादशी योगीराज श्रीकृष्ण के लिए मनाई जाती है और देवशयनी एकादशी पर देव सो जाते हैं। इस दिन से चतर्...