Meerut News: 12 साल बाद भी अंडरपासों को जलभराव से नहीं मिली निजात
मेरठ, सितम्बर 5 -- Meerut News: मेरठ-खुर्जा रेलवे लाइन पर रेलवे विभाग द्वारा करोड़ों रुपये खर्च कर बनाए गए मानव रहित अंडरपास 12 साल बाद भी लोगों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से बारिश के दिनों में अंडरपास पानी से लबालब हो जाते हैं। इससे कई गांवों का संपर्क प्रभावित होने के साथ छात्र-छात्राओं और राहगीरों को आवागमन में परेशानी उठानी पड़ती है। नागरिकों के अनुसार रेलवे फाटकों को मानव रहित बनाने की योजना के तहत वर्ष 2012 में कैली, पांची, सेतकुआं, खरखौदा-धनौटा और चंदसारा समेत कई स्थानों पर अंडरपासों का निर्माण कराया गया था। निर्माण के बाद से ही इनमें जलभराव की समस्या बनी हुई है। एक वर्ष पहले पांची अंडरपास के बोरवेल को रिबोर कराने पर करीब दो करोड़ रुपये खर्च किए गए, लेकिन इसके बावजूद जलनिकासी की समस्या का समाधा...
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