प्रमुख संवाददाता, मई 7 -- बिहार में एमबीबीएस डॉक्टर भी अब छह महीने की ट्रेनिंग लेकर अल्ट्रासाउंड कर सकेंगे। राज्य के स्वास्थ्य विभाग ने इस बारे में मेडिकल कॉलेजों और जिला स्वास्थ्य विभाग को पत्र भेजा है। यह ट्रेनिंग 300 घंटे की होगी और सभी मेडिकल कॉलेजों में होगी। अब तक 2018 के नियम के अनुसार एमबीबीएस डॉक्टरों के अल्ट्रासाउंड करने पर रोक थी। राज्य स्वास्थ्य विभाग ने सभी मेडिकल कॉलेजों में अल्ट्रासाउंड प्रशिक्षण के लिए सीटें भी तय कर दी है। सबसे अधिक आईजीआईएमएस में 36 सीटें तय की गईं हैं। वहीं, श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज, मुजफ्फरपुर में 4 सीटें प्रशिक्षण के लिए तय की गईं हैं। एसकेएमसीएच की प्राचार्य प्रो कुमारी विभा का कहना है कि विभाग के निर्देश का अध्ययन किया जा रहा है।रेडियोलॉजिस्ट और स्त्री रोग विशेषज्ञ की देखरेख में होगी ट्रेनिंग स्वास्थ्...