लखनऊ, जुलाई 12 -- Lucknow News: सोनभद्र और उसके आसपास का क्षेत्र महिला सशक्तीकरण व ग्रामीण उद्यमिता की नई पहचान बन रहा है। पड़ोसी राज्य मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार से सटे इस इलाके में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी आदिवासी महिलाएं आज महुआ-श्रीअन्न (मिलेट्स) के जरिए सफल कारोबार कर रही हैं।

महिला स्वावलंबन सोनभद्र की मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र उद्यमिता व महिला आत्मनिर्भरता की मिसाल बन रहा है। जिन गांवों में कभी विकास की रफ्तार धीमी थी, वहां अब महिलाओं के बनाए उत्पाद बाजार तक पहुंच रहे हैं और परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है। सरकार की पहल से श्रीअन्न अब केवल खेती का उत्पाद नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था का मजबूत आधार बन चुका है।

स्थानीय उत्पादों की मांग स्वयं सहायता समूहों को प्रशिक्ष...