लखनऊ, जुलाई 7 -- Lucknow News: ​लखनऊ, संवाददाता। महामुनिराज विराग सागर जी महाराज से दीक्षित आर्यिका 105 विविक्त श्री माताजी की संघस्थ आर्यिका 105 वियोजना माताजी का 16वां दीक्षा दिवस मंगलवार को गुरु उपकार दिवस के रूप में श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मनाया गया।इस पावन अवसर पर इंदिरा नगर, जैन मंदिर में आर्यिका संघ द्वारा आचार्य श्री के चरणों का प्रक्षालन किया गया। साथ ही भक्तों द्वारा वियोजना माताजी के चरण धोकर कर उन्हें शास्त्र भेंट किया गया। इस अवसर पर प्रवचन में माता जी ने कहा कि उसका जीवन शुरू नहीं, जिसका कोई गुरु नहीं। उन्होंने कहा कि बिना संयम के जीवन पशु के समान है। छोटे-छोटे नियम ही एक दिन बड़े बनते हैं, इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को जीवन में कोई न कोई नियम अवश्य लेना चाहिए। जैन समाज के महामंत्री अभिषेक जैन ने बताया कि इस वर्ष चातुर्मास के...