लखनऊ, अक्टूबर 18 -- Lucknow News: नगर निगम के डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन की व्यवस्था पर ऑडिट ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं। लखनऊ स्वच्छता अभियान (एलएसए) के माध्यम से कराए जा रहे काम में यूजर चार्ज की वसूली से लेकर कूड़े के वजन, वाहनों के किराये और कंपनी पर लगाई गई पेनल्टी तक का हिसाब स्पष्ट नहीं है। टेंडर की शर्तों के अनुसार जीपीएस फोटोग्राफ और आरएफआईडी टैगिंग जरूरी होने के बावजूद अभिलेखों में इनके पालन का प्रमाण नहीं मिला। ऑडिट टीम ने इन सभी बिंदुओं पर संबंधित अभिलेखों के साथ स्थिति स्पष्ट करने को कहा है। न डिमांड रजिस्टर, न वसूली का पूरा हिसाब

यूजर चार्ज वसूली का रिकॉर्ड नहीं ऑडिट रिपोर्ट के मुताबिक पैकेज-1 के तहत जोन-1, चार और सात में अगस्त से नवंबर 2025 तक के भुगतानों की जांच में यूजर चार्ज वसूली का ठोस रिकॉर्ड नहीं मिला। कितने आवासीय और ...