लखनऊ, अक्टूबर 16 -- Lucknow News: ऑपरेशन टलने के डर से कुछ मरीज डॉक्टरों से अपनी बुरी आदतें और बीमारी के लक्षण छिपा लेते हैं। कोई सिगरेट पीने की बात नहीं बताता तो कोई शराब की मात्रा कम करके बताता है। बच्चों के मामले में भी अभिभावक मामूली सर्दी-जुकाम या खर्राटे की जानकारी देने से बचते हैं। उन्हें डर रहता है कि कहीं ऑपरेशन की तारीख आगे न बढ़ जाए। डॉक्टरों के मुताबिक अधूरी जानकारी मरीज की जान जोखिम में डाल सकती है। यह जानकारी केजीएमयू एनस्थीसिया विभाग के डॉ. तन्मय तिवारी ने दी। केजीएमयू में शुक्रवार को विश्व एनेस्थीसिया दिवस पर इंडियन सोसाइटी ऑफ एनेस्थीसियोलॉजिस्ट की ओर से कार्यक्रम हुआ। डॉ. तन्मय तिवारी ने कहा कि करीब 10 से 15 फीसदी मरीज ऑपरेशन से पहले धूम्रपान, शराब या अन्य नशीले पदार्थों के सेवन की जानकारी छिपा सकते हैं। मरीज अक्सर कहते ह...