नई दिल्ली, अप्रैल 10 -- कोलकाता नाइट राइडर्स वर्सेस लखनऊ सुपर जाएंट्स के मैच के दौरान अधिकतर फैंस ने उस समय टीवी बंद कर दिए होंगे जब एलएसजी ने 128 के स्कोर पर अपना 7वां विकेट खोया था। 182 रनों के टारगेट का पीछा करते हुए एलएसजी की ये हालत देख हर किसी को लगा कि अब मैच खत्म हो गया है। ना कोई नामी बल्लेबाज क्रीज पर था और ना मुकुल चौधरी रन बना रहे थे। 16वें ओवर के अंत तक मुकुल 6 गेंदों पर 2 रन बनाकर खेल रहे थे। 17वें ओवर की शुरुआत भी अच्छी नहीं रही थी। मुकुल चौधरी ने वैभव अरोड़ा की पहली दो गेंदें डॉट कर दी थी। मुकुल पर अब दबाव बढ़ रहा था, वह 8 गेंदों पर 2 रन बनाकर खेल रहे थे। उन्होंने वैभव अरोड़ा की तीसरी गेंद पर चौका लगाया, जो उनके लिए 'संजीवनी' का काम कर गया। अगली गेंद पर उन्होंने छक्का भी लगा दिया। यहां से मुकुल का बल्ला खुल गया और फिर वह न...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.