किशनगंज, अक्टूबर 7 -- Kishanganj News: किशनगंज। निज संवाददाता बच्चे के जन्म के बाद बेलवा बस्ती निवासी राजेश के घर में खुशियां थीं। प्रसव के बाद मां कमजोरी से उबर रही थी और परिवार नवजात की छोटी-छोटी हरकतों में भविष्य देख रहा था। लेकिन कुछ दिनों बाद बच्चे ने दूध पीना कम कर दिया और सामान्य से अधिक सोने लगा। परिवार ने इसे नवजात की कमजोरी समझकर नजरअंदाज कर दिया। इसी बीच नियमित गृह भ्रमण के दौरान आशा कार्यकर्ता जोहरा खातून घर पहुंचीं। उन्होंने बच्चे को देखा, मां से स्तनपान के बारे में पूछा और उसकी स्थिति को सामान्य नहीं माना। परिवार को तत्काल स्वास्थ्य केंद्र ले जाने की सलाह दी गई। जांच के बाद आवश्यक देखभाल मिली और बच्चे की स्थिति में सुधार हुआ। यह घटना बताती है कि नवजात के जीवन के शुरुआती दिनों में घर तक पहुंचने वाली स्वास्थ्यकर्मी की एक सजग न...