कौशाम्बी, अक्टूबर 15 -- Kausambi News: विकास खंड नेवादा के नूरपुर हाजीपुर गांव में आयोजित रामलीला के पांचवें दिन सीता स्वयंवर, धनुष भंग और परशुराम-लक्ष्मण संवाद का भावपूर्ण मंचन किया गया। भगवान राम के धनुष तोड़ते ही पूरा पंडाल जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा। इसके बाद सीता ने भगवान राम के गले में जयमाला डालकर उन्हें अपना वर चुना। रामलीला में दिखाया गया कि मिथिला नरेश राजा जनक ने अपनी पुत्री सीता के विवाह के लिए स्वयंवर का आयोजन किया था। उन्होंने प्रण लिया था कि भगवान शिव के धनुष को जो वीर उठाकर उस पर प्रत्यंचा चढ़ाएगा, उसी के साथ सीता का विवाह होगा। यह भी पढ़ें- Kausambi News: धनुष टूटते ही गूंजे जय श्रीराम के जयकारे, सीता ने राम को पहनाई जयमाला बंदीजनों की घोषणा के बाद देश-विदेश के राजा स्वयंवर में पहुंचे, लेकिन कोई भी धनुष को हिला तक ...