कौशाम्बी, अगस्त 21 -- Kausambi News: मोहर्रम महीने की अंतिम मंजिल पर पहुंचने के साथ ही नगर पंचायत करारी में शुक्रवा को अकीदत और गम का अनोखा संगम देखने को मिला। हजरतगंज वार्ड स्थित हुसैनिया शरीफाबाद में अंजुमन असगरिया के तत्वावधान में मोहर्रम का आखिरी अमारी जुलूस अकीदत के साथ निकाला गया। जुलूस में शामिल अजादारों ने कर्बला के शहीदों को नम आंखों से याद करते हुए विदाई दी। जुलूस की शुरुआत कुरआन की तिलावत से हुई। पहली मजलिस को मौलाना सैयद अहमद रजा रिजवी ने खिताब किया। इसके बाद जाकिरे अहलेबैत जावेद अमीर ने अहले हरम के लुटे हुए काफिले का दर्दनाक मंजर बयान किया। हजरत अब्बास का अलम, इमाम हुसैन (अ.स.) का जुलजनाह, हजरत अली असगर का गहवारा और जनाबे जैनब, उम्मे कुलसुम और जनाबे फिज्जा की अमारियां बरामद हुईं, जिनकी अजादारों ने जियारत की। उत्तराखंड से आए न...