कानपुर, जुलाई 15 -- Kanpur News: कानपुर। चिन्मय मिशन के गीता पंचामृत पर प्रवचन करते हुए स्वामी प्रबुद्धानंद ने कहा कि भगवान ने कार्य करने की शक्ति सभी को दे रखी है वह चाहे जैसा भी करें। व्यक्ति कर्म तभी करता है जब फल की इच्छा होती है अर्थात इच्छा पहले फल बाद में। व्यापारी व्यापार प्रारंभ करने के पहले लाभ का अनुमान लगा लेता है। छात्र परीक्षा की तैयारी के पहले परीक्षा पास होने पर भविष्य की योजनाओं पर विचार रखता है। यहां स्वामी राघवानंद, ब्रह्मचारिणी भगवती चैतन्य, प्रदीप गोयनका, रमेश चंद्र, सौरभ गुप्ता, सुशील मिश्रा डॉ सीमा मिश्रा और शैलेश सतपाल आदि मौजूद थे।

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