कन्नौज, अक्टूबर 6 -- Kannauj News: छिबरामऊ, संवाददाता। पितृपक्ष में अपने पितरों और पूर्वजों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने के साथ चराचर ब्रह्मांड में स्थित जीव-जंतुओं को भी पूर्वजों का स्वरूप मानकर तर्पण करना चाहिए। पितृपक्ष के दौरान श्रद्धा और भक्ति भाव से नियमित तर्पण करने से पितरों की प्रसन्नता प्राप्त होती है। यह बात शक्तिपीठ गमा देवी के पुजारी पंडित बनारसी दास शास्त्री ने भगवान परशुराम सत्संग भवन में तर्पण करते हुए श्रद्धालुओं से कही। उन्होंने कहा कि पितरों की प्रसन्नता से आयु, संतान, पशु, कीर्ति, संपत्ति, पुत्र, आरोग्य और मोक्ष की प्राप्ति होती है। पितृपक्ष में नियम-संयम और सात्विक जीवन अपनाना चाहिए। इस दौरान बीड़ी, तंबाकू, पान समेत किसी भी प्रकार के नशे से दूर रहना चाहिए। यह भी पढ़ें- सर्वपितृ अमावस्या पर क्या करें और क्या न करें? जा...