जमशेदपुर, अक्टूबर 25 -- Jamshedpur News: जमशेदपुर।शरद पूर्णिमा पर 25 अक्तूबर, रविवार को बंगाली और ओड़िया समाज के लोग श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मां लक्ष्मी की आराधना करेंगे। धार्मिक मान्यता के अनुसार, वर्षभर में केवल शरद पूर्णिमा के दिन ही चंद्रमा अपनी सोलह कलाओं से पूर्ण होता है, जिससे उसकी किरणें सबसे अधिक ऊर्जावान और शीतल होती हैं। इस रात्रि में चंद्रमा से निकलने वाली किरणों में अमृत के समान दिव्य औषधीय गुण माने जाते हैं। इसलिए इस रात खीर बनाकर उसे चांदनी में रखा जाता है, ताकि वह अमृत से युक्त हो जाए।लक्ष्मी पूजा को लेकर बाजारों में देर रात तक खरीदारी करते लोग नजर आए। मां लक्ष्मी की रंग-बिरंगी प्रतिमाओं से लेकर पूजा सामग्री और धान की बालियों की बिक्री हुई। मूर्तियों की कीमत आकार, सजावट और कलाकारी के आधार पर 500 रुपये से लेकर 3000 रुपये...