IIT में रैंक 1, लाखों का पैकेज छोड़कर चुना ये रास्ता, आज दुनिया भर में बजता है इस हिंदुस्तानी का डंका
नई दिल्ली, जुलाई 25 -- जरा सोचिए आप देश की सबसे कठिन परीक्षा में टॉप करते हैं, पूरे भारत में पहला नंबर आता है और आपके सामने कंप्यूटर साइंस जैसी सबसे चमकदार ब्रांच खुली पड़ी है। ज्यादातर लोग बिना सोचे-समझे वही रास्ता चुन लेंगे। लेकिन कोलकाता के एक लड़के ने 1987 में IIT-JEE में ऑल इंडिया रैंक 1 हासिल करने के बाद कुछ ऐसा किया, जिसने उस दौर में सबको हैरान कर दिया था। उसने फिजिक्स चुनी। नाम था राजेश गोपाकुमार और आज लगभग चार दशक बाद दुनिया के सबसे जटिल सैद्धांतिक भौतिकी सिद्धांतों में उनका नाम हमेशा के लिए दर्ज हो चुका है।बचपन से ही किताबों में डूबे रहने वाला बच्चा 1967 में कोलकाता में जन्मे राजेश का बचपन बाकी बच्चों से थोड़ा अलग था। जहां स्कूल के ज्यादातर बच्चे सिर्फ किताबी परीक्षाओं की तैयारी में लगे रहते थे, वहीं राजेश साइंस और गणित की किताब...
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