हाजीपुर, नवम्बर 3 -- Hajipur News: गोरौल, संवाद सूत्र । भारतीय संस्कृति में पर्व त्यौहार केवल उत्सव नहीं, बल्कि जीवन मूल्यों, प्रकृति से जुड़ाव और सामूहिक चेतना के प्रतीक हैं। इन्हीं में अग्रणी है लोक आस्था का महापर्व छठ, जो सूर्य उपासना, स्वच्छता, अनुशासन और समानता का संदेश देता है। जब नई पीढ़ी अपनी जड़ों से जुड़ती है, तभी संस्कृति जीवंत रहती है। इसी भावना के साथ गोरौल के भानपुर बरैवा विद्यालय के नौनिहालों ने छठ की मनोहारी झांकी निकालकर न सिर्फ अपनी प्राचीन परंपरा को सजीव किया, बल्कि यह भी बताया कि संस्कारों की पाठशाला ही सच्ची शिक्षा है।

विद्यालय में छठ की मनोहारी झांकीझांकी का मुख्य उद्देश्य बच्चों में अपनी प्राचीन संस्कृति, परंपरा और लोक-संस्कृति के प्रति रुचि और सम्मान की भावना जागृत करना था। विद्यालय परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम क...