गोरखपुर, जुलाई 12 -- Gorakhpur News: गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ निर्देश पर कराई गई रामगढ़झील जेटी की संरचनात्मक सुरक्षा जांच में गंभीर खामियां सामने आई हैं। जांच में जेटी के दो ऐसे पिलर कमजोर पाए गए हैं, जिनसे करीब 200 टन वजनी क्रूज हवा और आंधी के थपेड़े झेलता है। विशेषज्ञों ने इन पिलरों की मरम्मत के बजाय नई जेटी बनाने सुझाव दिया है, क्योंकि मरम्मत से जेटी के शेष मजबूत ढांचे को भी क्षति पहुंचने की आशंका है। वहीं जांच रिपोर्ट के बाद गोरखपुर विकास प्राधिकरण ने एहतियाती कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। नई जेटी बनने तक क्रूज संचालन वैकल्पिक व्यवस्था के तहत जारी रखने की तैयारी की जा रही है। साथ ही इन दोनों पिलर की मरम्मत की संभावनाएं भी तलाश रहा है।

रामगढ़झील जेटी की सुरक्षा जांच 39 साल पुरानी रामगढ़झील जेटी की संरचनात्मक सुरक्षा जांच में ...