गोरखपुर, जुलाई 28 -- Gorakhpur News: गोरखपुर, निज संवाददाता। कार्यकाल खत्म होने के बाद प्रधानों को प्रशासक नियुक्त करने के बाद प्रदेश सरकार ने नियम और सख्त कर दिया है। वित्तीय अनियमितिता करने वाले या जांच में दोषी पाए गए निवर्तमान प्रधान प्रशासक नहीं बने रह पाएंगे। उनकी जगह सहायक विकास अधिकारी को प्रशासक की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। 22 जुलाई को शासन ने पंचायती राज विभाग को प्रशासकों की नियुक्ति को लेकर दिशा-निर्देश जारी किया है। उपनिदेशक पंचायत हिमांशु शेखर ठाकुर ने बताया कि शासन ने स्पष्ट किया है कि यदि निर्वतमान प्रधान अपने कार्यकाल से सं संबंधित जांच में दोषी पाए जाते हैं, उनके विरुद्ध वसूली का आदेश जारी होता है या वह वित्तीय अनियमितता के कारण जेल में रहे हैं तो उन्हें प्रशासक के पद से हटा दिया जाए। यह भी पढ़ें- प्रशासक बनते ही 57694 ग्र...