नई दिल्ली, सितम्बर 3 -- आज की भागदौड़ जिंदगी में मन को शांत रखना मुश्किल काम है। कई बार ऐसा होता है कि बाहर से सब कुछ बिल्कुल ठीक दिखता है लेकिन आप अंदाजा नहीं लगा सकते हैं कि किसी के मन में कितनी बातें चल रही हैं। कभी किसी को करियर की चिंता सता सकती है। तो कभी रिश्ते का डर सताता है। कभी अपने फ्यूचर को लेकर चिंता होती है तो फिर कभी बिना बात के ही मन लगातार ओवरथिकिंग करने में जुटा रहता है। खासकर कि नई पीढ़ी में ये बैचनी सबसे ज्यादा देखने को मिलती है। लगातार आगे बढ़ने की होड़ और भागदौड़ भरी जिंदगी में मन को कुछ पल का सुकून देना भी मुश्किल सा हो जाता है। हालांकि इन तमाम चिंताओं के बीच अगर किसी के नाम का सहारा मिल जाए तो चीजें आसान हो सकती है। मशहूर कथावाचक श्री इंद्रेस उपाध्याय के अनुसार एक ऐसा मंत्र है जो युवा पीढ़ी के मन की चिंता और दुख को...