गया, जुलाई 12 -- Gaya News: शहर के बड़की डेल्हा स्थित सिद्ध काव्य वाटिका में रविववार को 63 वीं कवि गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से साहित्यिक परंपराओं को जीवंत करने का प्रयास किया। कार्यक्रम का शुभारंभ श्यामसुन्दर मिश्र की कविता वर्षा रानी से हुई। पश्चात् बिमलेश दत्त मिश्र ने अपनी रचना पढ़ी। चंदन कुमार ने प्रकृति की चीख कविता व अमित रंजन ने ' लड़के हमेशा खड़े रहे' रचना से खूब वाहवाही बटोरी। मदन पाठक ने कृष्ण भक्ति से ओतप्रोत रचना ' मुरली की धुन' पढ़ते हुए पीयूष पाठक को उनकी रचना 'हां मैं गरीब हूं ' के लिए आम्त्रिरत किया। कवि रणजीत कुमार ने ' रचना आओ बच्चों तुम्हें सुनायें शैतानी शैतान' के माध्यम से राजनीति पर करारा प्रहार किया। अरुणोदय मिश्र ने मातृ वंदना व निरंजन कुमार मिश्र ने गणेश वन्दना द्वारा माहौल को भक्...