गंगापार, जुलाई 31 -- Gangapar News: छिटपुट वर्षा होने से मेजा क्षेत्र के अधिकांश गांवों के किसान अभी तक धान की रोपाई नहीं कर सके थे, बेलन नहर में पानी पहुंचा तो किसानों में आशा की किरण जग गई। वह खेतों में पानी डाल, तैयारी कर धान की पौध लगाने में जुट गए। सिड़खिड़ी गांव के किसान रामचन्द्र शुक्ल ने बताया कि सिंचाई के पानी की कमी होने से उनके गांव के 50 फीसदी किसान अपने खेतों में धान की रोपाई नहीं कर सके थे, नहर में पानी आया तो सभी पौध लगाने में जुट गए। खौर गांव के श्रीकांत यादव ने बताया कि उनके गांव खौर सिडखिड़ी, गेदुराही, तिगजा सहित आसपास के गांवों के किसान धान की खेती पर आश्रित रहते हैं। खेती समय पर करने के लिए कुछ किसानों ने अपने खेतों में खुद का बोर करा रखा है, लेकिन धान की खेती का क्षेत्रफल अधिक होने से किसान बेलन नहर के सहारे पर खेती करते...