फतेहपुर, जुलाई 5 -- Fatehpur News: विजयीपुर, संवाददाता कभी बिजली-पानी तो कभी खाद, बीज का संकट किसानों की परेशानी का सबब बना है। समितियों में पर्याप्त खाद के दावे तो जिम्मेदारों द्वारा किए जा रहे हैं लेकिन इससे उलट क्षेत्र के साधन सहकारी समितियां में पर्याप्त खाद नहीं पहुंच पा रही है। नतीजतन किसानों को आवश्यतानुसार निजी दुकानों से खाद की खरीद करनी पड़ रही है। जिससे किसान ओवररेटिंग का भी शिकार हो रहे हैं।फसल की लागत कम करने के लिए किसान नहरों व नलकूपों से मिलने वाले पानी पर आश्रित रहते हैं साथ ही धान की रोपाई के लिए सरकारी समितियों से सस्ती खाद का इंतजार रहता है जिससे किसान दर-दर भटकते रहते हैं इसके बावजूद उन्हे खाद नहीं मिल पाती है। कुछ ऐसा ही हाल क्षेत्र की अंजना भैरव, एकडला, झुरहापुर, कूरा, लोधौरा आदि समितियों का है, इनके बंद होने के चलते...