नई दिल्ली, फरवरी 21 -- अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को शुल्क (टैरिफ) पर अकेले चलने की कीमत चुकानी पड़ी क्योंकि शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया कि ट्रंप के पास आर्थिक आपातकाल घोषित करने और आयात पर बड़े पैमाने पर नए कर लगाने की शक्ति नहीं है। सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला डोनाल्ड ट्रंप के लिए बड़ा झटका बताया जा रहा है। बहुमत वाले फैसले में चीफ जस्टिस जॉन रॉबर्ट्स ने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप ने अपने अधिकारियों की सीमाएं लांघ दी हैं।राष्ट्रपति के अधिकार, क्या कहता है 1977 का कानून डोनाल्ड ट्रंप ने 1977 के इंटरनेशनल इमरजेंसी इकनॉमिक पावर्स ऐक्ट (IEEPA) का इस्तेमाल करके बिना कांग्रेस की मंजूरी के ही टैरिफ थोप दिया। अमेरिका ने भारत पर भी 50 फीसदी तक का टैरिफ लगा दिया था। हालांकि बाद में इसे घटाकर 18 फीसदी कर दिया गया।अमेरिका के संविदान ...
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