नई दिल्ली, अप्रैल 10 -- वरुथिनी एकादशी 13 अप्रैल को मनाई जाएगी। आपको बता दें कि आषाढ़ मास के यह एकादशी बहुत खास मानी जाती है। ऐसा कहा जाता है कि जो इस व्रत को रख लेता है, उसको 10000 कन्याओं के कन्यादान का फल मिलता है। आपको बता दें कि जो वरुथिनी एकादशी का व्रत कर मधुसूदनका पूजन करते हैं, वे सब पापोंसे मुक्त हो परमगति को पाते हैं। आजकल युवाओं में भी एकादशी के व्रत का क्रेज बढ़ रहा है। वे इस दिन व्रत कर भजवन क्लबिंग करते हैं। आपको बता दें कि एकादशी व्रत के कुछ नियम हैं। तीन दिनों तक इस व्रत के नियम मायने रखते हैं। पद्मपुराण और स्कंदपुराण में इन नियमों को अच्छे से समझाया गया है। यह भी पढ़ें- वरुथिनी एकादशी कब है और इस दिन किन चीजों को नहीं खाना चाहिएवरुथिनी एकादशी से पहले दशमी, एकादशी और द्वादशी को किन नियमों का पालन करना चाहिए आपको बता दें क...
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