नई दिल्ली, जुलाई 13 -- Delhi News: सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को पश्चिम बंगाल में मदरसों के लगभग 360 शिक्षकों एवं अन्य स्टाफ की याचिकाएं खारिज कर दी। इन कर्मचारियों ने राज्य सरकार की अनुदान सहायता योजना के तहत नियमित न किए जाने और वेतन संबंधी लाभ न मिलने को चुनौती दी थी। न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति ए. जी. मसीह की पीठ ने 350 से अधिक कर्मियों में से 13 याचिकाकर्ताओं के मामलों पर गौर करने के बाद फैसला सुनाया। पीठ ने यह पता लगाने के लिए इन मामलों पर गौर किया कि राहत देने का कोई आधार बनता है या नहीं। फैसला सुनाते हुए पीठ ने कहा कि हमने यह आधार अपनाया कि यदि इन 13 याचिकाकर्ताओं में से कोई एक भी हमें अपने पक्ष में निर्णय देने के लिए संतुष्ट कर देता, तो हम शेष मामलों का भी अध्ययन करते। दुर्भाग्यवश, इनमें से कोई भी याचिकाकर्ता हमें प्रभा...