बक्सर, अगस्त 2 -- Buxar News: - शांति, ऊर्जा और विश्वास का प्रतीक है यह मंदिर: - गर्भगृह में एक साथ पांच देवताओं की प्रतिमा है स्थापित: फोटो- डुमरांव, संवाद सूत्र। डुमरांव के लाखनडिहरा गांव आस्था, परंपरा और सनातन संस्कृति का ऐसा केंद्र है, जहां श्रद्धा और भक्ति हर सांस में महसूस की जा सकती है। इस गांव की पहचान सिर्फ एक भू-स्थान तक सीमित नहीं, बल्कि यह गांव मनोकामना पूर्ण बाबा नर्मदेश्वर नाथ महादेव की दिव्यता से अनुप्राणित है। यहां आने वाले श्रद्धालु शांति, ऊर्जा और विश्वास से भरकर लौटते हैं। गांव के विजयकांत दुबे बताते हैं कि बाबा नर्मदेश्वर नाथ जी की स्थापना ब्रह्मचारी जी महाराज द्वारा गांववासियों की आस्था और सहयोग से करवाई गई थी। हालांकि इस स्थापना का कोई सटीक वर्ष ज्ञात नहीं, फिर भी यह स्थल वर्षों से गांव की धार्मिक चेतना का केंद्र बना...