बक्सर, जुलाई 25 -- Buxar News: कारगिल युद्ध के बाद सर्च ऑपरेशन के दौरान शहीद हुए थे चिलहरी के चितरंजन सिंह गांव में अब नहीं बना तोरणद्वार, प्रतिमा स्थापित करने की हुई घोषणा शहीद सैनिक के घर को सडक से जोडने के प्रयासों में दिलचस्पी नहीं ले रहे अधिकारी फोटो डुमरांव, हमारे प्रतिनिधि। देश की हिफाजत के सवाल पर बक्सर के बेटों ने कभी पीठ नहीं दिखाई।भारत-पाक से कारगिल और ऑपरेशन सिंदूर तक में शहादत देकर बक्सर के बेटों ने अपनी मिट्टी का मान बढाया है।जिला अपने बेटों की शहादत पर न सिर्फ गौरवान्वित महसूस करता है।बल्कि आने वाली पीढियों को देश की रक्षा का प्रेरणा देता रहता है।दुख इस बात का है कि कारगिल युद्ध के बाद सर्च ऑपरेशन में शहीद होने वाले चितरंजन स़िह का पैतृक घर आज भी पहुंच पथ से नहीं जुड पाया है। गांव में ऐसा कोई स्मारक नहीं है। जिसे देखकर लोग ...