बुलंदशहर, जुलाई 30 -- Bulandsehar News: सुभाष मार्ग स्थित गंगा मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के सातवें दिन कथा वाचक पूज्य देवी संजू राधे भारद्वाज ने कथा सुनाते हुए कहा कि सच्ची मित्रता में कोई अमीर-गरीब नहीं होता है। बल्कि प्रेम और समर्पण ही सबसे बड़ा धन है। सुदामा के चरित्र से यह शिक्षा मिलती है कि भक्ति और निष्ठा के आगे सांसारिक वैभव का कोई मोल नहीं। कथा के दौरान मंदिर परिसर भक्तिमय माहौल में रहा। कथा वाचक ने बताया कि भगवान श्रीकृष्ण ने द्वारिकाधीश बनने के बाद भी अपने बाल सखा सुदामा को उसी प्रेम से अपनाया और उनकी छोटी सी भेंट को स्वीकार कर उन्हें राजसी वैभव प्रदान किया। यह प्रसंग सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो गए। इस दौरान हरिओम प्रधान, राजीव गौड़, डॉ अनिल गुप्ता, विजय गुप्ता, प्रियांश भारद्वाज, कृष्ण भारद्वाज समेत अन्य श्रद्धालु मौजूद र...