बुलंदशहर, जुलाई 15 -- Bulandsehar News: नगर के यमुनापुरम स्थित समता आयुर्वेदिक सेंटर पर पुष्य नक्षत्र के दिन बुधवार को आचार्य सुश्रुत जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। इस अवसर पर सेंटर पर एक निशुल्क स्वर्णप्राशन संस्कार शिविर का आयोजन किया गया एवं चिकित्सकों के लिए विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी को संबोधित करते हुए क्षारसूत्र एवं पंचकर्म चिकित्सा विशेषज्ञ तथा अखिल भारतीय आयुर्वेद महासम्मेलन के केंद्रीय संगठन मंत्री वैद्य हितेश कौशिक ने बताया कि आयुर्वेद में 300 से अधिक शल्य चिकित्सा का वर्णन किया गया है। इन्हें मुख्य रुप आठ श्रेणियों में बांटा गया है। छेद्य, भेद्य, लेख्य, वेध्य, ऐष्य, आहार्य, विस्राव्य, सीव्य हैं। आचार्य सुश्रुत ने 120 से अधिक सर्जिकल इंस्ट्रूमेंट का वर्णन किया है। आचार्य सुश्रुत ने ही सबसे पहले गुदा रोगों की चिकित...