भभुआ, नवम्बर 7 -- Bhabua News: खेतों में अन्न के साथ बरसता है धन, इसलिए पूजन कर बधार को करते हैं रोशन अन्नदाता खुद के साथ अन्य लोगों को भी पेट भरने के लिए मां से मिन्नत करते हैं (पेज चार) भभुआ, कार्यालय संवाददाता। कैमूर की करीब 80 प्रतिशत आबादी खेतीबारी पर निर्भर है। यहां के किसानों के बीच एक खास परंपरा है। जब सभी लोग दीपावली पर मां लक्ष्मी और भगवान गणेश एवं मंदिरों व घरों में अन्य देवी-देवताओं की पूजा करते हैं, तब किसान घर व देवालय से दूर खेतों में अन्नपूर्णा माता की पूजा करते तथा दीपदान करते दिखते हैं। इस दौरान अन्नदाता खुद के साथ अन्य लोगों को पेट भरने के लिए अनाज की उपज अच्छी देने की मां से कामना करते हैं। यह भी पढ़ें- दिवाली 2026: मां लक्ष्मी ने उल्लू को अपना वाहन क्यों चुना? खेतों की देखरेख करने के लिए डीहवार बाबा तो प्रेत बाधा का स...