बाराबंकी, अगस्त 17 -- Barabanki News: रामसनेहीघाट, संवाददाता। इमरजेंसी में 10 मिनट में रिस्पांस करने का दावा करने वाली एंबुलेंस रविवार की शाम रामसनेहीघाट सीएचसी से बार-बार फोन किये जाने के बावजूद 40 मिनट तक नहीं पहुंची। इस बीच मासूम बालक खून की उल्टियां करके तड़पता रहा। बाद में परिजन निजी कार से लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। एंबुलेंस सेवा के प्रति लोगों में आक्रोश देखने को मिला। जानकारी के मुताबिक भानपुर गांव निवासी 12 वर्षीय अंशुल यादव को चार दिन से बुखार आ रहा था। परिजनों उसका निजी अस्पताल में उपचार करा रहे थे। रविवार की शाम स्थिति काफी खराब होने पर परिजन अंशुल को इलाज के लिए सीएचसी रामसनेहीघाट लाये। प्लेटलेट्स काफी कम होने के कारण तब तक अंशुल के मुंह और नाक से खून आना शुरू हो गया था, यह देख इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक डॉ. अमरेश वर्मा ने उसक...