बांदा, अगस्त 26 -- Banda News: बांदा। राजकीय महाविद्यालय पिपरहरी तिंदवारी का भवन तो आलीशान बना है। यहां पर चार लैब और छात्र-छात्राओं के लिए हास्टल भी बने हैं। लेकिन सबसे बड़ा सवाल है कि प्रवक्ताओं की कमीं से सब कुछ अधूरा है। जिससे संबंधित विषय के प्रवक्ताओं की कमीं से जूझ रहे इस महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं का शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है। पूर्व वर्ती सपा सरकार में बनकर तैयार हुए बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से संबद्ध इस महाविद्यालय का जब 2016 में संचालन शुरू हुआ तो क्षेत्र के युवाओं को बड़ी उम्मीद थी कि इस महाविद्यालय से अब वह पढ़ाई कर जीवन में उड़ान भर सकेंगे। इसका संचालन तो शुरू हो गया लेकिन यहां पचास फीसद भी ज्यादा शिक्षकों के पद खाली होने से शिक्षण कार्य में परेशानी आ रही है। जिसको लेकर यहां के प्राचार्य उच्च शिक्षा निदेशालय को लगातार...