बलिया, अक्टूबर 16 -- Balia News: बांसडीह, हिन्दुस्तान संवाद। इलाके के कई गांव सरयू नदी से हो रहे कटान के मुहाने पर पहुंच गये हैं। इसको लेकर लोगों में खलबली मची हुई है। लाख प्रयास के बावजूद फिलहाल राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। ऐसे में नदी के नजदीक पहुंचता देख लोग मकान को तोड़कर सुरक्षित जगहों पर पलायन कर रहे हैं। सबसे अधिक भय और दहशत का महौल महाराजपुर गांव के नाहर छपरा बस्ती के लोगों के बीच है। वहां पर दो दिन में करीब दस बीघा जमीन नदी में समाहित हो चुकी है। कुछ साल पहले तक नाहर छपरा बस्ती से सरयू नदी काफी दूर थी। हालांकि एक साल के अंदर नदी के बदले रुख से नदी की दिशा बदलकर बस्ती की तरफ हो गयी। इसका नतीजा यह हुआ कि खेतों को निगलते हुए आबादी के करीब पहुंच गयी। इसका नतीजा यह हुआ कि बस्ती के करीब डेढ़ सौ कच्चे-पक्के मकानों पर कटान का खतरा मंडरा...