बदायूं, जुलाई 29 -- Badaun News: बदायूं, संवाददाता। जिले भर में हर ओर निजी नर्सिंग होम के नाम पर जाल फैला हुआ। गली-मुहल्लों में घरों और दुकानों के अंदर नर्सिंग होम चल रहे हैं तो गांव-गांव झोलाछापों की दुकानें भी बढ़ी संख्या में हैं। ऐसे में निजी नर्सिंग होम, क्लीनिक और पैथोलॉजी लैब के रजिस्ट्रेशन की बात की जाए तो जिले भर में महज 146 रजिस्टर्ड हैं, जबकि एक हजार से ज्यादा अवैध रूप से संचालित हैं। इसके बाद भी अवैध तरीके से संचालित नर्सिंग होम, क्लीनिकों पर ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से झोलाछाप नियंत्रण सेल में एसीएमओ, डिप्टी सीएमओ के अलावा सभी सीएचसी प्रभारियों को शामिल किया गया है। उनको नोडल अधिकारी बनाया गया है। इसके बावजूद भी अवैध तरीके से निजी नर्सिंग होम, क्लीनिक और पैथोलॉजी लैबों की संख्या बढ़ती जा रही है। बि...