Azamgarh News: आधुनिकता के दौर में भी परंपरा सहेज रही बारतील जगदीशपुर की रामलीला
आजमगढ़, अक्टूबर 15 -- Azamgarh News: आजमगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। बदलते दौर और आधुनिकता की चकाचौंध के बीच रामलीलाओं के मंचन का स्वरूप भी बदल गया है। आकर्षक लाइटों की सजावट, ध्वनि विस्तारक यंत्रों और रंग-बिरंगी वेशभूषा के इस्तेमाल से आयोजनों का खर्च बढ़ा है। इसके बावजूद जिले में कुछ स्थानों पर आज भी पारंपरिक तरीके से रामलीला का मंचन कर सांस्कृतिक विरासत को सहेजने की कोशिश की जा रही है। जहानागंज क्षेत्र के बारतील जगदीशपुर गांव की रामलीला भी इसका एक उदाहरण है। इस रामलीला में भगवान राम का किरदार निभाने वाले चिराग दुबे इंजीनियर हैं। उन्होंने एनआईटी श्रीनगर से बीटेक की पढ़ाई की है। इसी साल पढ़ाई पूरी करने के बाद वह ओडिशा चले गए, जहां नीट और जेईई-मेन की तैयारी कराने वाली एक कोचिंग में बच्चों को पढ़ाते हैं। रामलीला के मंचन के लिए इन दिनों वह अपने गा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.