अमरोहा, सितम्बर 11 -- Amroha News: गंगा का जलस्तर कम होने के संग भूमि व फसलों का कटान फिर से शुरू हो गया है। तहसील क्षेत्र के सतेड़ा घाट पर अंत्येष्टि स्थल के दोनों कमरे भी गुरुवार को दिन में गंगा की धार में समा गए। 28 सेकेंड के भीतर दोनों कमरे ताश के पत्तों की तरह ढहकर गंगा में विलीन हो गए। जानकारी के मुताबिक पिछले करीब एक माह से गंगा तहसील क्षेत्र के सतेड़ा से लेकर गंगानगर तक भूमि व फसलों का कटान कर रही है। अब तक 30 गांवों के 250 से अधिक किसानों की 7000 बीघा से अधिक भूमि व फसल गंगा की धार में बह चुकी है। करीब सप्ताहभर पहले सतेड़ा घाट के अंत्येष्टि स्थल के दोनों चबूतरे व शौचालय तथा किसान के खेत का कुआं भी गंगा में समा गए थे। इससे पूर्व सतेड़ा की मढैया निवासी तीस किसानों की झोपड़ी भी गंगा में बह गई थीं। इसी बीच गंगा का जल स्तर बढ़ने से कट...