Agra News: 'भागवत के मार्ग पर चलने से दूर होते हैं कष्ट'
आगरा, सितम्बर 30 -- Agra News: जीवन रूपी नैया को भवसागर से पार करने के लिए भगवान का नाम ही एकमात्र सहारा है। वर्तमान समय में ऐसा कोई मनुष्य नहीं है जो किसी न किसी दुख से पीड़ित न हो, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं कि ईश्वर स्मरण को त्याग दिया जाए। यदि मनुष्य श्रीमद्भागवत के अनुसार अपने जीवन का संचालन करे तो कष्ट स्वतः दूर हो जाते हैं और जीवन सुखमय बन जाता है। यह उद्गार हलवाई की बगीची स्थित श्री नाथजी मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दौरान व्यासपीठ से आचार्य सुभाष चन्द शास्त्री महाराज ने व्यक्त किए। श्रीमद्भागवत कथा के दौरान तीसरे दिन सती चरित्र, ध्रुव चरित्र और प्रह्लाद चरित्र के प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया। यह भी पढ़ें- भक्ति में ही जीवन का कल्याण, माता-पिता की सेवा सबसे बड़ी पूजा कथावाचक सुभाष चन्द शास्त्री महाराज ने सती चरित्र का ...
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