बरेली, जून 24 -- बरेली, वरिष्ठ संवाददाता। शहर की सफाई व्यवस्था एक बार फिर संकट में पड़ गई है। डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन का कार्य पूरी तरह ठप होने से कॉलोनियों, बाजारों और मुख्य सड़कों पर कचरे के ढेर लगने लगे हैं। स्थिति तब बिगड़ गई जब छह संविदा कर्मचारियों पर मुकदमा दर्ज होने से नाराज सफाईकर्मी काम छोड़कर सड़क पर उतर आए और विरोध स्वरूप कूड़ा सड़क पर फेंक दिया। कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें निर्धारित मानदेय नहीं दिया जा रहा। उनका कहना है कि सरकारी मानकों के अनुसार उन्हें करीब 13 हजार रुपये वेतन मिलना चाहिए, जबकि ठेकेदार केवल 7500 रुपये का भुगतान कर रहा है। इसी के विरोध में कर्मचारियों ने आंदोलन शुरू कर दिया। दूसरे दिन भी नहीं उठा कूड़ा हड़ताल के चलते लगातार दूसरे दिन भी घर-घर से कूड़ा नहीं उठ सका। कई इलाकों में कूड़ेदान भर गए और सड़कों क...